आबकारी विभाग के ओवरटाइम घोटाले में बड़ी कार्रवाई, CDL के वाइस प्रेसिडेंट एन. उदय राव गिरफ्तार

Economic Offences Wing ने छत्तीसगढ़ आबकारी विभाग में हुए करोड़ों रुपये के कथित ओवरटाइम भुगतान घोटाले में बड़ी कार्रवाई करते हुए Chhattisgarh Distilleries Limited के वाइस प्रेसिडेंट एन. उदय राव को गिरफ्तार कर लिया है। इस मामले में अब तक कुल 8 आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है।
जांच में सामने आया है कि मैन पावर सप्लाई का कार्य कागजों में ‘ए-टू-जेड इन्फ्रासर्विसेस लिमिटेड’ के नाम पर दर्ज था, लेकिन वास्तविक संचालन, फील्ड मैनेजमेंट और बिलिंग समन्वय एन. उदय राव द्वारा किया जा रहा था। ईओडब्ल्यू की विवेचना में खुलासा हुआ कि फर्जी और बढ़े हुए बिलों के जरिए करोड़ों रुपये का अतिरिक्त भुगतान कराया गया।
बताया जा रहा है कि कर्मचारियों के नाम पर निकाली गई यह राशि वास्तविक लाभार्थियों तक न पहुंचकर सिंडिकेट और संबंधित अधिकारियों को कमीशन के रूप में बांटी जाती थी। जांच एजेंसी के अनुसार, उदय राव इस पूरे नेटवर्क में समन्वय की भूमिका निभा रहा था और कथित तौर पर अरुणपति त्रिपाठी के जरिए रकम आगे अनवर ढेबर तक पहुंचाई जाती थी।
5 साल में करोड़ों का अतिरिक्त भुगतान
ईओडब्ल्यू की जांच में वर्ष 2019-20 से 2023-24 के बीच मैन पावर एजेंसियों को कुल 182.98 करोड़ रुपये का अतिरिक्त भुगतान किए जाने का खुलासा हुआ है। इसमें—
- ओवर टाइम भुगतान : लगभग 101.20 करोड़ रुपये
- बोनस भुगतान : लगभग 12.21 करोड़ रुपये
- 4 अतिरिक्त कार्य दिवस : लगभग 54.46 करोड़ रुपये
- सर्विस चार्ज और टैक्स : लगभग 15.11 करोड़ रुपये
जांच के अनुसार, अकेले ‘ए-टू-जेड इन्फ्रासर्विसेस लिमिटेड’ को इन मदों में करीब 34.07 करोड़ रुपये का अतिरिक्त लाभ मिला।
ईओडब्ल्यू ने मामले में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम और आईपीसी की विभिन्न धाराओं के तहत जांच तेज कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि घोटाले से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की भी पड़ताल की जा रही है।






