छत्तीसगढ़

चांपा में लगी ‘यातायात की पाठशाला’, छात्रों को सड़क सुरक्षा का पढ़ाया गया पाठ

चांपा। सड़क सुरक्षा और यातायात नियमों के प्रति आमजन, विशेषकर छात्र-छात्राओं को जागरूक करने के उद्देश्य से चांपा स्थित सरस्वती शिशु मंदिर में यातायात विभाग द्वारा “यातायात की पाठशाला” का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में विद्यार्थियों और शिक्षकों को सुरक्षित यातायात, सड़क नियमों के पालन और दुर्घटनाओं से बचाव के उपायों की विस्तृत जानकारी दी गई।

यह जागरूकता कार्यक्रम अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (यातायात) उदयन बेहार के निर्देश पर यातायात निरीक्षक सुभाष चौबे के नेतृत्व में आयोजित किया गया। अधिकारियों ने विद्यार्थियों को हेलमेट पहनने, सीट बेल्ट लगाने, निर्धारित गति सीमा का पालन करने, ट्रैफिक सिग्नलों का सम्मान करने, जेब्रा क्रॉसिंग से सड़क पार करने तथा वाहन चलाते समय मोबाइल फोन का उपयोग नहीं करने की सीख दी।

नाबालिग वाहन चालकों और शराब पीकर ड्राइविंग पर विशेष जोर

कार्यक्रम में दोपहिया वाहन पर तीन सवारी नहीं बैठाने, नाबालिगों द्वारा वाहन नहीं चलाने और शराब के नशे में वाहन चलाने के गंभीर दुष्परिणामों के बारे में भी विस्तार से बताया गया। अधिकारियों ने कहा कि सड़क दुर्घटनाओं को रोकने का सबसे प्रभावी तरीका यातायात नियमों का ईमानदारी से पालन करना है।

विद्यार्थियों को बनाया सड़क सुरक्षा का ब्रांड एंबेसडर

यातायात विभाग ने विद्यार्थियों से अपील की कि वे स्वयं नियमों का पालन करने के साथ-साथ अपने माता-पिता, परिजनों और आसपास के लोगों को भी हेलमेट और सीट बेल्ट के उपयोग के लिए प्रेरित करें। अधिकारियों ने कहा कि बच्चे समाज में सकारात्मक बदलाव के सबसे प्रभावी माध्यम बन सकते हैं।

ट्रैफिक साइन और दुर्घटना के समय बरती जाने वाली सावधानियों की दी जानकारी

कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने सड़क सुरक्षा से जुड़े कई सवाल पूछे, जिनका अधिकारियों ने सरल भाषा में जवाब दिया। साथ ही ट्रैफिक संकेतकों की जानकारी, सड़क दुर्घटना होने पर अपनाई जाने वाली सावधानियां और जिम्मेदार नागरिक के रूप में यातायात नियमों के पालन के महत्व पर भी प्रकाश डाला गया।

जिले के अन्य स्कूलों में भी चलेगा अभियान

इस अवसर पर यातायात निरीक्षक सुभाष चौबे, धर्मेंद्र तिवारी सहित यातायात विभाग का स्टाफ उपस्थित रहा। विद्यालय प्रबंधन ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे कार्यक्रम विद्यार्थियों में अनुशासन, जिम्मेदारी और सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

यातायात विभाग ने बताया कि अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक उदयन बेहार के निर्देशन में जिले के विभिन्न विद्यालयों में “यातायात की पाठशाला” अभियान लगातार चलाया जाएगा, ताकि अधिक से अधिक विद्यार्थियों को सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूक कर भविष्य में सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाई जा सके।

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