छत्तीसगढ़ में कमर्शियल LPG सप्लाई सीमित, होटल-उद्योग प्रभावित; घरेलू गैस का पर्याप्त स्टॉक

रायपुर। छत्तीसगढ़ में अंतरराष्ट्रीय हालातों के मद्देनज़र कमर्शियल एलपीजी सिलेंडरों की आपूर्ति सीमित कर दी गई है। इजरायल, अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के चलते यह कदम उठाया गया है। इसका असर मुख्य रूप से होटल और रेस्टोरेंट कारोबार पर पड़ रहा है। हालांकि राज्य सरकार ने स्पष्ट किया है कि आम उपभोक्ताओं के लिए घरेलू गैस सिलेंडरों की कोई कमी नहीं है और पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है।
राज्य में गैस और ईंधन की उपलब्धता की समीक्षा के लिए महानदी भवन में खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग की सचिव रीना बाबा साहेब कंगाले ने ऑयल कंपनियों के अधिकारियों के साथ बैठक की। बैठक में बताया गया कि प्रदेश के सभी 5 एलपीजी बॉटलिंग प्लांटों में घरेलू गैस का पर्याप्त स्टॉक मौजूद है और इसकी आपूर्ति सामान्य रूप से जारी है।
अस्पताल और स्कूलों को प्राथमिकता
बैठक में यह भी स्पष्ट किया गया कि फिलहाल कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर अस्पतालों और शैक्षणिक संस्थानों को प्राथमिकता के आधार पर उपलब्ध कराए जा रहे हैं। परीक्षा अवधि को ध्यान में रखते हुए स्कूलों और छात्रावासों में गैस आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। जरूरत पड़ने पर होटलों और अन्य संस्थानों को करीब 15 प्रतिशत तक कमर्शियल सप्लाई दी जा सकती है।
कालाबाजारी रोकने सख्ती
सरकार ने एलपीजी गैस के दुरुपयोग और अवैध रिफिलिंग को रोकने के लिए जिलों में सख्ती बरतने के निर्देश दिए हैं। जिला प्रशासन को आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत कार्रवाई करने के आदेश भी दिए गए हैं ताकि किसी प्रकार की कालाबाजारी या अनियमितता न हो।
डीजल-पेट्रोल का भी पर्याप्त स्टॉक
बैठक में डीजल, पेट्रोल और सीएनजी की उपलब्धता की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों ने बताया कि राज्य के सभी डिपो में पर्याप्त स्टॉक मौजूद है और आपूर्ति पर लगातार निगरानी रखी जा रही है।
शिकायत के लिए टोल-फ्री नंबर
खाद्य सचिव रीना कंगाले ने लोगों को आश्वस्त करते हुए कहा कि राज्य में एलपीजी गैस और ईंधन की कोई कमी नहीं है। यदि किसी उपभोक्ता को गैस आपूर्ति में समस्या आती है, तो वह टोल-फ्री नंबर 1800-233-3663 पर शिकायत दर्ज करा सकता है। प्रशासन ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील भी की है।






